कोविड-19 में भी कमाल: CY-2020 में IPO से जुटाई गई 45,000 करोड़ रुपये की रकम, पिछले साल की 2.25 गुना रही

  • Hindi News
  • Business
  • Rs 45,000 Crore Raised From IPO In CY 2020, 2.25 Times More Than Last Year

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

29 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक
  • कोटक महिंद्रा कैपिटल कंपनी के मुताबिक, CY2020 में IPO के जरिए पाँच साल में सबसे ज्यादा रकम जुटाई गई
  • कैलेंडर ईयर 2021 में नए जमाने की टेक्नोलॉजी, हेल्थकेयर और कंज्यूमर कंपनियों के IPO की बहार रह सकती है

कोविड-19 ने भले ही दुनिया भर की अर्थव्यवस्थाओं को परेशान किया हो, लेकिन उसका इंडियन कैपिटल मार्केट, खास तौर पर प्राइमरी इक्विटी मार्केट की सेहत पर कोई खास असर नहीं दिखा है। इस बात का पता कैलेंडर ईयर 2020 में IPO के जरिए जुटाई गई 45,000 करोड़ रुपये की रकम से चलता है, जो पिछले साल के 20,300 करोड़ रुपये से 2.25 गुना ज्यादा है। कोटक महिंद्रा कैपिटल कंपनी के मुताबिक, कैलेंडर ईयर 2020 में IPO के जरिए पिछले पाँच साल में सबसे ज्यादा रकम जुटाई गई है।

न्यू एज टेक्नोलॉजी, हेल्थकेयर और कंज्यूमर कंपनियों के IPO की बहार

कंपनी के सीनियर ED और इक्विटी कैपिटल मार्केट हेड वी जयशंकर के मुताबिक, “कैलेंडर ईयर 2021 में नए जमाने की टेक, हेल्थकेयर और कंज्यूमर कंपनियों के IPO की बहार रह सकती है। IPO मार्केट की मजबूती को देखते हुए बहुत सी अनलिस्टेड कंपनियां पहले के सोचे समय से पहले बाजार में आ सकती हैं। बिजनेस ग्रोथ को सपोर्ट देने, कर्ज घटाने और कोविड-19 के चलते बनी चुनौतियों से निपटने के लिए बफर कैपिटल बनाने की जरूरत को देखते हुए प्राइमरी मार्केट से फंड जुटाने की कवायद तेज हो सकती है।”

34 महीनों में एक अरब डॉलर हो सकती है इनवेस्टमेंट बैंकिंग फीस

अगले एक से तीन साल में इंडियन कैपिटल मार्केट की स्थिति के बारे में कंपनी के एमडी और सीईओ एस रमेश कहते हैं, “कोविड-19 के बावजूद इंडिया इंक में इस कैलेंडर ईयर लोकल कैपिटल मार्केट से फंड जुटाने की भूख बनी रही है। लोकल इक्विटी मार्केट में मजबूती रहने के अलावा मर्जर एंड एक्विजिशन (M&A) एक्टिविटी ज्यादा रहने से अगले 12 से 34 महीनों में इनवेस्टमेंट बैंकिंग फीस इनकम एक अरब डॉलर तक पहुंच सकती है।”

CY20 में कैपिटल मार्केट से 80-90 करोड़ डॉलर की फीस इनकम

कोटक इनवेस्टमेंट बैंकिंग के आंकड़ों के मुताबिक, इनवेस्टमेंट बैंकर्स को कैलेंडर ईयर 2020 में कैपिटल मार्केट से 80-90 करोड़ डॉलर की फीस इनकम हुई है, जो पिछले साल 60-70 करोड़ डॉलर रही थी। उसके मुताबिक, कैलेंडर ईयर 2020 में बंपर IPO सीजन के चलते इनवेस्टमेंट बैंकर्स की फीस इनकम में इक्विटी कैपिटल मार्केट का हिस्सा 37 पर्सेंट रहा है जो पिछले साल 35 पर्सेंट था।

इक्विटी मार्केट का फीस इनकम प्रतिशत 37 पर्सेंट पर पहुंचा

जहां तक इक्विटी कैपिटल मार्केट से इनवेस्टमेंट बैंकरों को कैलेंडर ईयर 2020 में हासिल फीस में बढ़ोतरी की बात है तो इसकी वजह IPO के जरिए इस दौरान पिछले पाँच साल में सबसे ज्यादा रकम जुटाया जाना रहा है। गौरतलब है कि इनवेस्टमेंट बैंकरों को कैलेंडर ईयर 2020 में इक्विटी मार्केट के इश्यू से हासिल फीस इनकम का प्रतिशत 37 पर्सेंट रहा जो कैलेंडर ईयर 2020 में 18 पर्सेंट रहा था।

इंडिया इंक को 1.42 लाख करोड़ रुपये जुटाने में मदद दी

कोटक इनवेस्टमेंट बैंकिंग के मुताबिक मौजूदा कैलेंडर ईयर में 1,000 करोड़ रुपये से ज्यादा के 20 प्राइमरी मार्केट इश्यू में से 15 उसने हैंडल किए हैं। उसने उनके जरिए कोविड-19 के दौरान इंडिया इंक को 1.42 लाख करोड़ रुपये जुटाने में मदद दी। गौरतलब है कि इस साल राइट्स इश्यू के जरिए 65,000 करोड़ रुपये जुटाए गए जो पिछले साल 52,100 करोड़ रुपये था। इस साल का सबसे बड़ा राइट इश्यू रिलायंस इंडस्ट्रीज का रहा।

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *