विश्वविद्यालय में जूतमपैजार: उज्जैन के विक्रम विश्वविद्यालय के दो प्रोफेसर सरेआम भिड़े, एक का कपड़ा फटा तो दूसरे का चेहरा लहूलुहान हुआ

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उज्जैन4 मिनट पहले

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मारपीट के बाद प्रोफेसर कामरान के चेहरे से खून बहता और कुर्सी पर बैठे एचओडी डाॅ डीडी बेदिया

  • कुलपति ने लगाई फटकार

उज्जैन के विक्रम विश्वविद्यालय में एमबीए के एचओडी और पूर्व एचओडी के बीच शुक्रवार शाम को जमकर लात-घूसे चले। दोनों ने एक दूसरे को इतना मारा कि लहूलुहान हो गए। दोनों प्रोफेसरों को कुलपति ने कड़ी फटकार लगाते हुए भविष्य में दोबारा नहीं झगड़ने की चेतावनी दी है। उच्च शिक्षामंत्री डॉ मोहन यादव ने भी इसे गंभीर अनुशासनहीनता माना। बोले, मामले की जांच के बाद कार्रवाई करेंगे।

दरअसल, एमबीए विभाग के पूर्व प्रमुख कामरान सुल्तान विश्वविद्यालय से ही एलएलएम की पढ़ाई करना चाहते हैं। इस पर वर्तमान एचओडी डॉ डीडी बेदिया नहीं चाहते हैं कि प्रो कामरान एलएलएम करें। इसी बात को लेकर दोनों के बीच अक्सर कहासुनी होती रहती है। इसकी जानकारी विश्वविद्यालय से जुड़े सभी लोगों को है। प्रो कामरान के एलएलएम करने पर उन्होंने कुलसचिव यूएन शुक्ल से भी कई बार आपत्ति जता चुके हैं। शुक्रवार शाम 6 बजे इसी विवाद में दोनों प्रोफेसर पहले कुलसचिव के कमरे में भिड़े। दोनों ने एक दूसरे के लिए अभद्र शब्दों का प्रयोग किया। कुलसचिव के कमरे से बाहर आते ही दोनों के बीच हाथापाई शुरू हो गई। इसमें बेदिया के कपड़े फट गए जबकि कामरान का चेहरा लहुलूहान हो गया। विश्वविद्यालय के प्रोफेसर, स्टाफ और छात्रों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया।

बेदिया बोले- मेरे कपड़े फाड़ दिए, कामरान ने कहा- मेरे चेहरे पर वार किया

प्रोफेसर डॉ. डीडी बेदिया ने बताया कामरान ने मेरे कपड़े फाड़े। गले में नाखून से नोंचा। मैंने कुलपति को भी अवगत कराया है। इधर, प्रोफेसर कामरान का कहना है कि डॉ. बेदिया ने पहले मुझे दीवार से भिड़ा दिया। नाखून से चेहरे और गाल पर हमला कर दिया। यह जानते हुए कि मैं दिव्यांग हूं। उन्होंने मेरी एक नहीं सुनी।

लिखकर देना पड़ा कि भविष्य में कोई विवाद नहीं करेंगे

विक्रम विश्वविद्यालय के कुलपति ने मामले को गंभीरता से लिया है। दोनों को अपने कमरे में बुलाकर कड़ी हिदायत देते हुए कहा कि भविष्य में ऐसी गलती दोबारा हुई तो दोनों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई होगी। दोनों प्रोफेसरों ने भविष्य में फिर नहीं झगड़ने के लिए लिखित रूप से आश्वासन दिया है।

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